
रंवाई बोली– अब नहीं रुकेगा आंदोलन, पृथक जनपद दो या होगा उग्र संघर्ष।
उत्तरकाशी।नौगांव।मदन पैन्यूली।
रंवाई घाटी को पृथक जनपद बनाने को लेकर नौगांव चौराहे पर एक विशाल जुलूस घाट निकाला और जन सभा का आयोजन किया गया, पृथक जनपद की मांंग को लेकर यमुनाघाटी क्षेत्र के दूरदराज क्षेत्रों से सैकड़ों लोग पंहुचे और आह्वान किया कि जबतक यमुनाघाटी क्षेत्र को पृथक जनपद का दर्जा नहीं मिला आंदोलन गतिमान रहेगा।
जन आंदोलन में पंहुचे प्रदर्शनकारियों ने बताया कि क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति को देखकर उत्तराखंड की धामी सरकार को पृथक जनपद को अस्तित्व में लाना चाहिए जिससे दूरस्थ क्षेत्र मोरी के फते पर्वत से लेकर डामटा और यमुनोत्री तक के क्षेत्र को विकास से जोड़ा जा सके।
यमुना घाटी के लोगों को अपने छोटे छोटे कामों के लिए उत्तरकाशी जिला मुख्यालय जाने में दो दिन बर्बाद हो जातें हैं और कभी लोगों को संबोधित अधिकारी भी नहीं मिलते जिससे लोगों को जोखिम का सामना करना पड़ता है।
अब यमुना घाटी के लोग सरकार के खिलाफ मुखर होकर आंदोलन करने को बाध्य हैं, यमुना घाटी में इससे पूर्व बड़कोट तहसील मुख्यालय में संघर्ष समिति के सदस्यों ने अनिश्चितकालीन अनशन और भुख हड़ताल तक की है।
अब फिर से पृथक जनपद की मांंग को लेकर बड़े आंदोलन की रणनीति बनाई जा रही है और इस जन आक्रोश रैली ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि पृथक जनपद नहीं दिया जाता है तो मुख्य आवास कूच सहित भूख हड़ताल और उग्र आंदोलन होगा।
मालूम हो कि वर्ष 2011में तात्कालिक पूर्व मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने पृथक चार जनपदों की घोषणा की थी जिसमें यमुनोत्री पृथक जनपद भी एक था,अब इसको लेकर यमुना घाटी में पृथक जनपद बनाने के लिए आंदोलन की आग सुलगने लगी है।
रंवाई पृथक जनपद की मांंग को लेकर संघर्ष समिति के सदस्यों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन उप जिलाधिकारी बड़कोट के माध्यम से जिसमें उनके प्रतिनिधि के तौर पर तहसीलदार खजान सिंह असवाल पंहुचे।
कार्यक्रम में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष हरिमोहन नेगी,प्रकाश डबराल, चैन सिंह नेगी, बलदेव असवाल, दीपक धीमान,सोबन सिंह, रमेश इंदवाण, रामस्वरूप थपलियाल, व्यापार मंडल अध्यक्ष विपिन रमोला, जगवीर रावत, कुलदीप चौहान सहित दर्जनों लोग उपस्थित रहे।

