हल्द्वानी। बारिश और ओलावृष्टि ने पहले ही पहाड़ के किसानों की आड़ू, पुलम और खुबानी की फसलें बर्बाद कर दी हैं। ऐसे में कोरोना की दूसरी लहर पहाड़ के किसानों की मुश्किलें बढ़ा रही है। कोरोना के चलते प्रदेश की कई मंडिया बंद पड़ी हुई हैं। कर्फ्यू और लॉकडाउन के चलते बजारे बंद हैं। ऐसे में अन्य दिनों में देश की मंडियों में बिकने वाले पहाड़ के आड़ू, पुलम और खुबानी इस बार मंडियों और बाजारों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। इसके चलते पहाड़ के किसानों को काफी नुकसान हो रहा है। पहाड़ में इन दिनों आड़ू, पुलम, खुबानी की फसल पककर तैयार है। काश्तकार अपने उत्पादन को कुमाऊं की सबसे बड़े फल-सब्जी मंडी हल्द्वानी में ला रहे हैं। लेकिन किसानों को उनकी फसल का उचित दाम नहीं मिल पा रहा है। लॉकडाउन कर्फ्यू और बाजार बंद होने के चलते बाहर से आने वाले व्यापारी हल्द्वानी मंडी तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। इसके चलते पहाड़ के इन रसीले फलों को मंडियों में उचित दाम नहीं मिल पा रहे हैं। उत्तराखंड के नैनीताल जिले के रामगढ़, धारी और मुक्तेश्वर के आड़ू, पुलम की मिठास मुंबई, दिल्ली सहित कई मंडियों में पहुंचती है। लेकिन कोरोना ने इस पहाड़ी फल की मिठास को वहां पहुंचने से रोक दिया है। पहाड़ी फल के कारोबारी रमेश चंद्र के मुताबिक लॉकडाउन कर्फ्यू के चलते बाहर की कई मंडियां और बाजार बंद हैं। बाहरी मंडी के व्यापारी हल्द्वानी मंडी तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। यहां तक कि लोकल बाजार के खुलने की समय अवधि सुबह 10 बजे तक होने के चलते छोटे व्यापारी अपने फलों के दुकानों को बंद कर रखे हैं।
खतरा बढ़ाः बच्चों में भी पहुंचा कोरोना संक्रमण
Sat May 15 , 2021
देहरादून। उत्तराखंड में कोरोना का कहर बढ़ता जा रहा है। सभी उम्र के लोगों में कोरोना संक्रमण पाया जा रहा है। प्रदेश के 4 जिलों में कोरोना का सबसे ज्यादा असर बच्चों पर भी दिखाई दे रहा है। इनमें देहरादून, हरिद्वार, उधम सिंह नगर और रुद्रप्रयाग जिले शामिल हैं। रुद्रप्रयाग […]

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