HTML tutorial
HTML tutorial

टिहरी गढवाल जनपद का  धारकोट एक ऐतिहासिक गांव

Pahado Ki Goonj

टिहरी गढवाल जनपद का  धारकोट एक ऐतिहासिक गांव

धारकोट गांव उत्तराखण्ड राज्य के टिहरी गढवाल जनपद का प्रतापनगर मा पटटी धारमण्डल मा स्थित छ। और राजशाही शासन का समय मजी धारकोट गांव एक महत्वपूर्ण गांव माणयू जांदू थै। रियासत का कई अहम पदो पर ये गांव का लोग काबिज थै। लेकिन लगातार पलायन का कारण आज यू गांव अपणी पहचान खोणु छ लग्यू ।
टिहरी जिले की राजशही का समय इस गांव की तूती बोेलती थी। रियासत काल की ग्रीष्मकालीन राजधानी प्रतापनगर कु बाटु(रास्ता) इसी गांव से होकर गुजरता था प्रतापनगर की पांच पट्टियो कु मिलन स्थल भी धारकोट गांव मे ही थै। जिससे की प्रत्येक दिन सैकडो घोडे खच्चरो का पडाव मदन नेगी और पडदू थै। टिहरी के और धारकोट गांव का आसपास रौनक बनी रैन्दी थै। राजशाही के समय पर ये गांव का कई सारा लोग सरकारी सेवा मा थै। गांव का 44 पटवारी तथा 16 तहसीलदार ये गांव की ही देन थै। जो रियासत मे नोकरी करते थै। आजादी का बाद ये गांव बटी 4 कर्नल, 2 शिक्षा अधिकारी और 1 विधायक टिहरी जिले को दिया था । श्री गोविन्द सिंह नेगी जी कम्यूनिष्ट पार्टी बटिन वर्ष 1969 बटी 1979 तक 3 बार उत्तर प्रदेश विधान सभा मा टिहरी का विधायक रही थै। प्राथमिक शिक्षा संध का कई वर्ष तक अध्यक्ष रहे श्री कृष्णा सिंह नेगी भी ये गांव का ही थैन। उत्तराखण्ड राज्य आन्दोलनकारी श्री राजेश नेगी जी कु पैत्रिक गांव यू ही छ। टिहरी राजशही का दौरान टिहरी का सुपरिंडेन्ट पुलिस रया मोर सिंह नेगी दरोगा रैन थै। यही नही ये गांव मा कई राजनेता और अधिकारी भी पैदा हुईन। हजार की जनसंख्या वाला ये गांव मा अब कुई खास रौनक नजर नी औंदि गांव मा बिजली पानी की व्यावस्था ठीक-ठाक छिन, आज भी गांव कू प्राथमिक विद्यालय जिला का सबसे पुराण स्कूल मजिन एक छ पर पलायन का कारण आज विद्यार्थी आज साल दर साल कम होण लग्या। गांव मा 20-22 साल पहले अच्छी खेती बाडी थै, लेकिन लगातार पलायन का कारण आज ज्यादातर डोखरा-पोंगडा(खेत) बंजर छन पडया। गांव मा आज एक राजकीय इंटर कालेज(श्री गोविन्द सिंह नेगी रा0 ई0 कालेज) एक प्राथमिक विद्यालय, एक प्राइमरी प्रावेइट स्कुल और गांव का नजदीक ही ग्राम सभा बंगद्वारा क्षेत्र अगरोडा मा धारकोट बटी करीब 2 किलोमीटर एक डिग्री कालेज(हंसा देवी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय)और प्राथमिक स्वस्थ्य केन्द्र धारकोट, पशु चिकित्सालय भी छन लेकिन पलायन की मार पहाडो मा बहुत जादा छ और अब गांव मा स्थिति यन छ की रियासत काल का धारकोट अर आज का धारकोट मा जमीन आसमान कु फर्क एै गैन। गांव का पैत्रिक देवी-देवता श्री मदन नेगी देवता(मदन नेगी), श्री केदार देवता(पटूडी), श्री मालचन्द देवता जी है।
धारकोट का बारा मा रियासत का समय पर भी और आज भी दूई ओखाण(कहावत )आज भी प्रसिध च
1- धारकोट का बल बल्द भी पटवारी होंदा
2- जब भादो नेगी कु बन्दूबस्त ही ता तेरू भी ही जौलू
3- अकल छैदी त जा आराकोट , पटवारी बणेण त जा धारकोट
ये गाव कु सम्बंध मदन नेगी, ज़ितु बागड़वाल, जना ऐतिहासिक पुरुषो सी रैन

Next Post

भारत में शिक्षा किस दिशा मे बढ़ रही है,सत्ताधारी मुफ़्त शिक्षा की जगह शिक्षा का व्यापार क्यों कर रहे हैं -राजेश्वर पैन्युली

भारत में शिक्षा किस दिशा मे बढ़ रही है सत्ताधारी मुफ़्त शिक्षा की जगह शिक्षा का व्यापार क्यों कर रहे हैं  एक तरफ़ दुनिया के सारे विकास सील देश या विकसित देश, शिक्षा निशुल्क ( Free) या कहिये अपने सभी नागरिकों को शिक्षित करने की तरफ़ बढ़ रहे है ,जिससे […]

You May Like