
धराली-हर्षिल क्षेत्र में राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी ।
उतरकाशी । रिपोर्ट मदन पैन्यूली ।
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य धराली,हर्षिल आपदा प्रभावित क्षेत्र में स्वंय मौजूद है। जिलाधिकारी के कुशल नेतृत्व में राहत एवं बचाव कार्य तीव्र गति से संचालित है। हर्षिल,गंगोत्री और झाला में रुके यात्रियों को हर्षिल हैलीपैड से सुरक्षित मातली हैलीपैड भेजा जा रहा है। खबर लिखे जाने तक 275 यात्रियों को मातली भेजा जा चूका है। मातली से यात्रियों को उनके गन्तव्य के लिए रवाना किया जा रहा है। हर्षिल राहत कैम्प में रुके हुए लोगों को खाने पीने आदि की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। जिलाधिकारी ने कहा कि यात्रियों को हैली के माध्यम से उनके गन्तव्य के लिए भेजा जा रहा है। गंगोत्री में रुके हुए यात्रियों को चिनूक और हर्षिल और झाला में रुके हुए यात्रियों को हैली के माध्यम से मातली भेजा जा रहा है। धराली में राहत एवं बचाव के लिए सेना,आईटीबीपी,एनडीआरएफ,एसडीआरएफ,पुलिसराजस्व की टीमें लगातार सर्च एवं रेस्क्यू में जुटी हुई है।
जिलाधिकारी ने कहा कि धराली हर्षिल में पानी,बिजली की आपूर्ति सुचारू करने के लिए विभाग मय संसाधन के साथ यहां पहुंच चुके है। बिजली पानी की आपूर्ति को तेजी सुचारू करने के निर्देश सम्बंधित अधिकारियों को दिए है। नेटवर्क कनेक्टिविटी के लिए ठोस प्रयास किए जा रहे है। तात्कालिक कनेक्टिविटी के लिए एनडीआरएफ के वाईफाई सेवा को स्थापित किया गया है। धराली में प्रभावित परिवारों को सामुदायिक किचन में भोजन आदि की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। खाद्य एवं अन्य सामाग्री हैली से हर्षिल पहुंच गई है,एसडीआरएफ की मदद से प्रभावित लोगों को वितरित किया जा रहा है।
इस दौरान शासन से जिला प्रशासन के सहयोग के लिये धराली में तैनात आईएएस गौरव कुमार,आईपीएस अमित श्रीवास्तव ने प्रभावित परिवारों से मिले। तथा हर सम्भव मदद का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि शासन प्रशासन पूरी प्रतिबद्धता के साथ राहत एवं बचाव कार्य में जुटा हुआ है।
इस दौरान एसपी सरिता डोबाल,आईएएस गौरव कुमार,आईपीएस अमित श्रीवास्तव, एसडीएम शालनी नेगी आदि उपस्थित रहे।
गुरुवार को उत्तरकाशी आपदा की तीसरा दिन है। जिंदगी बचाने के प्रयास जारी है। सेना, पुलिस व प्रशासन राहत-बचाव में जुटा हुआ है। मलबे से दो शव बरामद किए गए हैं। जिसके बाद अब मृतकों की संख्या सात हो गई है।
गुरुवार सुबह 11 बजे तक कुल 87 लोगों को धराली हर्षिल से आइटीबीपी मातली शिफ्ट किया जा चुका है। रेस्क्यू ऑपरेशन निरंतरता और तीव्र गति से जारी है। जिला प्रशासन की तत्परता को देखते हुए जिलाधिकारी प्रशांत आर्य धराली, हर्षिल आपदा प्रभावित क्षेत्र में स्वंय मौजूद है। जिलाधिकारी के कुशल नेतृत्व में राहत एवं बचाव कार्य तीव्र गति से संचालित है। हर्षिल में रुके यात्रियों को सुरक्षित मातली हैलीपैड लाया जा रहा है। सेना, आइटीबीपी, ए एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस व राजस्व की टीमें लगातार सर्च एवं रेस्क्यू में जुटी हुई है।
गुरुवार को मलबे से दो शव बरामद किए गए हैं। जिसके बाद अब मृतकों की संख्या सात हो गई है। स्वास्थ्य कैंप मातली से दो गम्भीर रूप से घायलों को एम्स ऋषिकेश रैफर किया गया। दोनों घायलों को एम्स में भर्ती करा लिया गया है


