अपनो ने छोड़ा – उम्मीद संस्था ने अपनाकर अन्य को राहत सामग्री वितरण किया

बाढ़ क्षेत्र में राहत सामग्री वितरण

सीतापुर,पहाडोंकीगूँज समाचार, जिले के बाढ़ पीड़ित क्षेत्रो में उम्मीद सामाजिक संस्था द्वारा ह्यूमैनिटी वेलफेयर कॉउन्सिल के सहयोग से राशन वितरण किया गया। उम्मीद संस्था धन्यवाद देती है अपने साथियों का  जिनमें वीरेंद्र  ,  अखिल मिश्रा ,  हैदर अली, मोनी दुबे समाजवादी का एवं उनकी माता और डाला के चालक  प्रकाश  का जिनके सहयोग से यह सामग्री ग्रामीण क्षेत्रो में वित्रित की गई।

 कोरोना से जिंदगी वैसे ही धुवस्त थी और बाढ़ से अस्त व्यस्त हो गयी है। हालात बहुत ही खराब है मित्रो आइये इनकी भी मद्दत के लिए अपना योगदान दे एवं ह्यूमैनिटी वेलफेयर कॉउन्सिल का धन्यवाद इस सेवा के लिए।

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मान्यवर सुधी पाठकों का सादर अभिवादन🙏

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 अपनो ने छोड़ा – उम्मीद संस्था ने अपनाया

रात 11 बजे कुछ पुलिस वाले एक वृद्ध महिला को लेकर आये और उन्होंने बताया कि यह सड़क के किनारे कई समय से पड़ी हुई है क्या आप लोग इनकी देखभाल कर सकते है। बिना कुछ सोचे उम्मीद संस्था द्वारा संचालित ने दिया ।

किनारे रैन बसेरे के केअर टेकर ने उन्हें जगह दी रहने के लिए और खाना खिलाया परंतु देर रात माता अचानक कही निकल गयी। अगली सुबह जब माता  के जाने की बात पता चली तो तत्काल जितेंद्र  ( रैन बसेरों के प्रबंधक) को निर्देश दिया कि आप वृद्ध माता  को तत्काल ढूंढे और उन्हें लेकर आये। कई घंटों तक ढूंढने के पश्चात माता  मिलगई परन्तु उनका आधा शरीर उनके मल से भीगा हुआ था। माता जी को उम्मीद संस्था द्वारा संचालित जियामऊ रैन बसेरा लाया गया जहाँ सबसे पहले उनको साफ किया गया और नए कपड़े दिए गए। उसके बाद रैन बसेरे में रहने वाली महिलाओं ने वृद्ध माता जी को अपने हाथो से खाना खिलाया। उनसे बात के उपरांत पता चला कि शायद अपनो ने उन्हें सड़क पर छोड़ दिया है और उनकी तन्हाई और उदासी ने उनकी ऐसी हालत कर दी है। उम्मीद संस्था ने माता  को रहने और भोजन के लिए पूर्ण इंतिज़ाम कर दिया है और समाज से भी हम यह अपील करते है कि अपने माँ बाप को आप सभी उनके वृद्ध समय मे कभी न छोड़े क्योंकि माँ बाप ईश्वर के समान होते है इनकी सेवा करना ईश्वर की सेवा करना है।

 

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